तीन तलाक पीड़ित को घर, स्वास्थ्य बीमा… UP में मुस्लिमों के लिए BJP का नया चुनावी प्लान – bjp strategy muslim voters development schemes triple talaq up elections yogi government ntc bktw


उत्तर प्रदेश सरकार अब चुनावी मोड में आ गई है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई वाली भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की सरकार विधानसभा चुनाव से पहले मुस्लिम मतदाताओं को साधने के लिए खास प्लान पर काम करती दिख रही है. बीजेपी का प्लान है कि यूपी सरकार की मुस्लिम केंद्रित योजनाओं के जरिये मुस्लिम मतदाताओं के सामने विकास का विकल्प रखने का है.

बीजेपी यह संदेश देना चाहती है कि विकास योजनाएं धर्म देखकर नहीं चलाई जा रहीं, इनका लाभ हर धर्म के लोगों को मिल रहा है. यूपी चुनाव से पहले बीजेपी तीन तलाक पीड़ित महिलाओं को हेल्थ कवर, घर देने का कदम उठाती दिख रही है. खासकर, पश्चिम बंगाल के चुनाव में ममता बनर्जी की अगुवाई वाली तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की हार के बाद बीजेपी यूपी के मुसलमानों के सामने यह बात रखना चाहती है.

हालांकि, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हालिया बयान देखें तो उनमें भी हिंदू आबादी को साधे रखने के साथ ही योजनों और वादों से मुस्लिम समुदाय के बीच भी एक निष्पक्षता का मैसेज देने की रणनीति नजर आती है. यूपी सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने आजतक से बात करते हुए कहा कि पीएम मोदी ने ट्रिपल तलाक से पीड़ित महिलाओं के दर्द को समझा. उसी सोच को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी आगे बढ़ाया है.

उन्होंने कहा कि हमारी लगातार सीएम योगी से इस बारे में बातचीत हो रही थी कि ट्रिपल तलाक पीड़ित महिलाओं को कैसे विकास की धारा से जोड़ा जाए. आज वह चर्चा धरातल पर उतरी है. यूपी के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री ने कहा कि मुस्लिम समुदाय की महिलाओं की तरफ से सीएम योगी का धन्यवाद करता हूं. हमारी पहल रंग लाई है. हम यहीं नहीं रुकेंगे. उन्होंने कहा कि इसके बाद हम इन महिलाओं को स्किल डेवलपमेंट से भी जोड़ेंगे.

अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री ने कहा कि इससे पीड़ित महिलाएं अपने लिए रोजगार भी तलाश कर पाएं और आर्थिक रूप से भी मजबूत बनें. चुनावी फायदे के सवाल और विपक्ष के आरोप पर उन्होंने कहा कि हमने अल्पसंख्यकों के लिए सकारात्मक तरीके से काम किया है. इसलिए विपक्ष घबराया हुआ है. अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के मंत्री ने कहा कि हमने अल्पसंख्यकों को विपक्षी दलों की तरह वोट बैंक की तरह नहीं देखा.

उन्होंने दावा किया कि सरकारी योजनाएं मुस्लिम समुदाय तक भी पहुंच रही हैं. बीजेपी एजेंडे के साथ अल्पसंख्यकों के विकास को आगे ले जा रही है. अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के मंत्री ने विपक्षी दलों पर मुस्लिमों का वोटबैंक की तरह इस्तेमाल करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस ने केवल उनका वोट लिया, उनके विकास के लिए कभी काम नहीं किया.

विपक्ष ने बीजेपी को घेरा

विपक्षी समाजवादी पार्टी सीएम योगी आदित्यनाथ के बयानों का हवाला देते हुए बीजेपी पर हमलावर है. सपा प्रवक्ता अमीक जमई ने कहा कि उत्तर प्रदेश में एक बड़ी आबादी है, जिसके पास छत नहीं है. जिसके पास रहने को घर नहीं है. उन्होंने कहा कि सवाल यह है कि मुस्लिमों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जो भाषा है, उसे कौन नहीं जानता. अमीक जमई ने कहा कि दो मिनट नमाज के लिए वह क्या-क्या कहते हैं, अपमानित करते हैं. इसे कौन नहीं जानता.

यह भी पढ़ें: UP Election: सपा-कांग्रेस में कैसे बंटेंगी यूपी की विधानसभा सीटें? सामने आया फॉर्मूला

उन्होंने निर्दोष लोगों के फेक एनकाउंटर, बुलडोजर एक्शन का आरोप लगाया और सवालिया अंदाज में कहा कि आपको फिक्र है महिलाओं की? आप फिक्र करिए कि सूबे की 54% महिलाएं कुपोषित हैं. सपा प्रवक्ता ने कहा कि आप मकान दे देंगे. मकान तो उन महिलाओं को मिलना ही चाहिए, जो निराश्रित-विधवा महिलाएं हैं. उन्होंने कहा कि महिलाओं के लिए सीएम की जो भाषा है, वह ठीक नहीं है.

यह भी पढ़ें: ‘सत्ताधारी दल के 225 विधायकों का टिकट कटेगा’, यूपी चुनाव को लेकर अखिलेश यादव का दावा, BJP ने किया पलटवार

अमीक जमई ने कहा कि उत्तर प्रदेश में एसिड अटैक पीड़ित महिलाओं की संख्या देश में सबसे ज्यादा है. उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव ने सीएम रहते लखनऊ के शीरोज में एक कैफेटेरिया बनाकर हमारी बहनों को दिया था. इस सरकार ने उसे बेचने का काम किया है. आपने एसिड पीड़ित महिलाओं के लिए आंदोलन करने वाले पुराने स्टाफ को आपने बैठने नहीं दिया. महिलाओं को लेकर बीजेपी का चेहरा किसी से छिपा नहीं है. यूपी के मुस्लिम जानते हैं कि उनको लेकर बीजेपी की क्या राय है.

—- समाप्त —-


Leave a Comment